
भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव कोई नई बात नहीं है। दशकों से दोनों देशों के बीच सैन्य संघर्ष, आतंकवादी घटनाएं और राजनीतिक बयानबाज़ी चलती आ रही है। लेकिन बड़ा सवाल यही है कि क्या पाकिस्तान भारत पर फिर से हमला कर सकता है? और अगर ऐसा हुआ, तो क्या वह युद्ध जीत पाएगा?
इतिहास गवाह है: चार बार युद्ध, हर बार भारत मजबूत
पाकिस्तान अब तक भारत से चार बार युद्ध कर चुका है — 1947, 1965, 1971 और 1999 में। इन सभी युद्धों में भारत ने पाकिस्तान को या तो पीछे हटने पर मजबूर किया या पूरी तरह शिकस्त दी।
1947-48 में कश्मीर पर कबायलियों की घुसपैठ के बाद पहला युद्ध हुआ।
1965 में पाकिस्तान ने कश्मीर हथियाने की कोशिश की, लेकिन भारत ने मुंहतोड़ जवाब दिया।
1971 में पाकिस्तान को सबसे बड़ी हार मिली, जब भारत की मदद से बांग्लादेश का गठन हुआ।
1999 में करगिल युद्ध में पाकिस्तानी सेना और घुसपैठियों को खदेड़ा गया।
पहलगाम हमला और आतंकवाद का चेहरा
हाल के वर्षों में पाकिस्तान समर्थित आतंकी संगठनों द्वारा कई हमले किए गए। पहलगाम, उरी, पठानकोट, पुलवामा जैसे हमलों में सीधे तौर पर जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकी गुटों का हाथ रहा है। इन संगठनों को पाकिस्तान से समर्थन मिलने के आरोप लगते रहे हैं।
पहलगाम हमला ने एक बार फिर भारत की सुरक्षा एजेंसियों को चौकन्ना कर दिया। सुरक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक, इस तरह के हमले सीमित स्तर पर संघर्ष भड़का सकते हैं, लेकिन सीधे युद्ध की आशंका तभी बनती है जब सीमा पार से सेना की खुली कार्रवाई हो।
क्या पाकिस्तान दोबारा हमला करेगा?
रक्षा विशेषज्ञों की मानें तो पाकिस्तान के पास हमला करने की क्षमता है, लेकिन राजनीतिक, सैन्य और आर्थिक वास्तविकताएं उसे रोकती हैं। पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था इस समय गंभीर संकट में है। ऐसे में युद्ध की लागत वह नहीं उठा सकता। भारत के पास वायुसेना, थलसेना और नौसेना तीनों है पाकिस्तान के पास परमाणु हथियार ज़रूर हैं, लेकिन उनका इस्तेमाल करना बेहद खतरनाक और आत्मघाती साबित होगा।
अगर युद्ध हुआ तो जीत किसकी होगी?
-भारत इस समय कई मोर्चों पर पाकिस्तान से काफी आगे है:
सैन्य बल: भारत के पास तीनों सेनाओं में बेहतर तकनीक और संख्या है।
आर्थिक शक्ति: भारत दुनिया की शीर्ष 5 अर्थव्यवस्थाओं में है, जबकि पाकिस्तान IMF की मदद का मोहताज है।
राजनयिक समर्थन: अमेरिका, फ्रांस, जापान जैसे देश भारत के करीब हैं, जबकि पाकिस्तान की स्थिति चीन पर निर्भर है।
युद्ध की स्थिति में भारत की जीत की संभावना काफी ज्यादा है, लेकिन इससे दोनों देशों को भारी नुकसान होगा।
