
लखनऊ। राजधानी के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में मंगलवार को कृषि विभाग के नवचयनित प्राविधिक सहायकों और राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद के मंडी सचिवों को नियुक्ति-पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 3,446 प्राविधिक सहायकों और 126 मंडी सचिवों समेत 3,500 से अधिक नवचयनित अभ्यर्थियों को बधाई दी।
इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि अगले छह महीनों में प्रदेश के एक लाख युवाओं को विभिन्न विभागों में सरकारी नौकरी के नियुक्ति-पत्र दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि नियुक्ति-पत्र अलग-अलग चरणों में हर सप्ताह वितरित किए जाएंगे।
9.30 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी देने का दावा
सीएम योगी ने कहा कि उनकी सरकार ने पिछले साढ़े नौ वर्षों में नियुक्ति प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाते हुए 9 लाख 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी सेवाओं में चयनित किया है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में आरक्षण के नियमों का पालन करते हुए चयन सुनिश्चित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं पर अंकुश लगाया है। उनके मुताबिक, अब युवाओं को बिना किसी लेनदेन के नियुक्ति-पत्र मिल रहे हैं।
14 दिन में परीक्षा और 14 दिन में परिणाम
माध्यमिक शिक्षा व्यवस्था का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश बोर्ड की परीक्षाओं में करीब 56 लाख विद्यार्थी शामिल होते हैं। इसके बावजूद अब परीक्षाएं 14 दिनों में पूरी हो रही हैं और अगले 14 दिनों में परिणाम घोषित किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पहले बोर्ड परीक्षाओं और परिणाम में काफी लंबा समय लगता था। सरकार ने माध्यमिक शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और नकलविहीन बनाने के लिए काम किया है।
‘2017 से पहले युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ होता था’
सीएम योगी ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार और वसूली के आरोप लगते थे, जिससे युवाओं का समय और भविष्य प्रभावित होता था। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के साथ ही समयबद्ध तरीके से नियुक्तियां सुनिश्चित की हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश के युवाओं की प्रतिभा की मांग देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी है। उन्होंने जापान के प्रतिनिधिमंडल के हालिया उत्तर प्रदेश दौरे का जिक्र करते हुए कहा कि जापानी प्रतिनिधियों ने प्रदेश के युवाओं को रोजगार के अवसर देने में रुचि दिखाई है।
चीनी मिलों को लेकर सपा-बसपा पर निशाना
मुख्यमंत्री ने सपा और बसपा की पिछली सरकारों पर चीनी मिलों को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि 2007 से 2017 के बीच 29 चीनी मिलें बंद हुईं और 21 चीनी मिलों को औने-पौने दामों में बेच दिया गया। वहीं, उन्होंने कहा कि वर्तमान में प्रदेश में 122 चीनी मिलें संचालित हो रही हैं।
सीएम योगी ने कहा कि किसानों के प्रति सम्मान और उनकी आर्थिक मजबूती प्रदेश की प्रगति के लिए जरूरी है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास न केवल प्रदेश की 25 करोड़ आबादी, बल्कि देश की 140 करोड़ आबादी का पेट भरने की क्षमता है।
किसानों और युवाओं को सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास ही युवाओं की आकांक्षाओं को आगे बढ़ाने, किसानों के जीवन में खुशहाली लाने और कारीगरों व हस्तशिल्पियों को सम्मान दिलाने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं, किसानों और गरीबों को केंद्र में रखकर काम कर रही है।
कार्यक्रम में कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, कृषि राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख समेत अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।

अनुपम चंद्र ( Anupam Chandra ) एक ग्राउंड रिपोर्टर और कंटेंट लेखक हैं। वे डिजिटल मीडिया की तकनीकी बारीकियों और कंटेंट क्रिएशन के नए तौर-तरीकों की गहरी समझ रखते हैं।



