
-2017 से पहले असुरक्षित महसूस करती थीं बेटियां- योगी
-60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को आजीवन मुफ्त बस यात्रा
-अब हर योजना के केंद्र में बेटी और आधी आबादी – योगी
-सैनिकों और पुलिस जवानों को भी रक्षा सूत्र बांधने की अपील
लखनऊ। रक्षाबंधन के अवसर पर उत्तर प्रदेश की महिलाओं को बड़ी सौगात मिली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना का शुभारंभ करते हुए विशेष बसों को फ्लैग-ऑफ किया। योजना के तहत 27, 28 और 29 अगस्त 2026 को प्रदेश की बेटियां, बहनें और माताएं अपने साथ एक सहयात्री के साथ उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों और सिटी बसों में निःशुल्क यात्रा कर सकेंगी।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रक्षाबंधन के पावन अवसर पर तीन दिनों तक मातृशक्ति को यह सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की लगभग साढ़े 12 करोड़ की आधी आबादी महिलाओं और बेटियों की है और इतनी बड़ी संख्या में महिलाओं को यह सुविधा उपलब्ध कराते हुए सरकार को प्रसन्नता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह अंतिम पड़ाव नहीं, बल्कि महिलाओं के सशक्तीकरण की दिशा में एक शुरुआत है।
60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को आजीवन मुफ्त बस यात्रा
मुख्यमंत्री ने बताया कि 60 वर्ष एवं उससे अधिक आयु की महिलाओं के लिए आजीवन निःशुल्क बस यात्रा की योजना का नाम ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ रखा गया है। उन्होंने कहा कि लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर महिला स्वावलंबन और सशक्तीकरण की प्रेरणास्रोत रही हैं, इसलिए उनके नाम पर इस योजना को शुरू किया गया है।
अब हर योजना के केंद्र में बेटी और आधी आबादी
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि सरकार के लिए अब हर योजना के केंद्र में बेटी और आधी आबादी है। उन्होंने कहा कि पहले बेटियों की सुरक्षा किस्मत पर निर्भर थी, जबकि आज सुरक्षा सिस्टम, डेटा और टेक्नोलॉजी पर आधारित है। उन्होंने दावा किया कि आज उत्तर प्रदेश में बेटियां बिना भय के नाइट शिफ्ट में भी काम कर रही हैं।
योगी ने कहा कि महिलाओं के खातों में सरकारी योजनाओं का पैसा सीधे पहुंच रहा है और बिचौलियों की भूमिका समाप्त की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार ने 65 लाख परिवारों को आवास उपलब्ध कराए हैं और इनमें आवास की मालकिन महिलाओं को बनाया गया है।
महिला भागीदारी 12 से बढ़कर 36 फीसदी हुई: योगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में Women Participation 12 फीसदी से बढ़कर 36 फीसदी तक पहुंची है। सरकार का लक्ष्य इसे कम से कम 50 फीसदी तक ले जाना है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश की करीब 8,000 न्याय पंचायतों में आधी संख्या में Digital Entrepreneur के रूप में महिलाओं को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।
‘2017 से पहले बेटियां असुरक्षित महसूस करती थीं’
योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2017 से पहले बेटियों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भय का माहौल था। उन्होंने कहा कि उस समय बेटियों की जुबान पर सुरक्षा को लेकर चिंता रहती थी, जबकि आज परिस्थितियां बदल चुकी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने महिलाओं को केवल योजनाओं का लाभार्थी बनाने के बजाय उन्हें स्वावलंबी और सशक्त बनाने पर जोर दिया है। आवास, बैंक खातों में सीधे धनराशि, रोजगार और डिजिटल अवसरों के जरिए महिलाओं की भागीदारी बढ़ाई जा रही है।
सैनिकों और पुलिस जवानों को भी रक्षा सूत्र बांधने की अपील
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने माताओं और बहनों से अपील की कि रक्षाबंधन पर अपने भाइयों को तो रक्षा सूत्र बांधें ही, साथ ही देश के सैनिकों, पूर्व सैनिकों और पुलिस के जवानों को भी रक्षा सूत्र बांधकर उनका सम्मान करें। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति का यह योगदान देश की सुरक्षा व्यवस्था और सामाजिक व्यवस्था को और मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
उन्होंने कहा कि ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ केवल एक सुविधा नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान, स्वावलंबन और सशक्तीकरण की दिशा में सरकार के प्रयासों का हिस्सा है।

अनुपम चंद्र ( Anupam Chandra ) एक ग्राउंड रिपोर्टर और कंटेंट लेखक हैं। वे डिजिटल मीडिया की तकनीकी बारीकियों और कंटेंट क्रिएशन के नए तौर-तरीकों की गहरी समझ रखते हैं।



